March 2, 2026
वकील के जरिए भेजे गए तलाक नोटिस मान्य नहीं: Supreme Court

वकील के जरिए भेजे गए तलाक नोटिस मान्य नहीं: Supreme Court

Nov 20, 2025

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने मुस्लिम पुरुषों द्वारा वकील के माध्यम से भेजे जाने वाले तलाक नोटिसों की वैधता पर महत्वपूर्ण टिप्पणी की है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि यदि तलाक का नोटिस स्वयं पति के हस्ताक्षर के बिना भेजा जाता है, तो उसे वैध तलाक नहीं माना जाएगा।

हस्ताक्षर रहित नोटिस अमान्य

सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि तलाक जैसे गंभीर निर्णय के लिए पति का स्पष्ट बयान और हस्ताक्षर आवश्यक है। कोई भी नोटिस जो वकील द्वारा भेजा गया हो और उसमें पति का हस्ताक्षर न हो, वह कानूनी रूप से मान्य नहीं होगा।

तीन महीने में तीन नोटिस भेजने की प्रथा पर सवाल

सुनवाई के दौरान कोर्ट ने इस प्रचलित प्रक्रिया पर भी सवाल उठाए, जिसमें पति वकील को अधिकृत कर देता है कि वह एक-एक महीने के अंतराल पर तीन तलाक नोटिस भेज दे। कोर्ट ने कहा कि ऐसी प्रथा में पति की “स्पष्ट इच्छा” और “सिद्ध संकल्प” दिखाई नहीं देता।

मामले का स्रोत

यह टिप्पणी 20 नवंबर 2025 को टीएनएन के संवाददाता धनंजय महापात्रा की रिपोर्ट में सामने आई है। सुप्रीम कोर्ट की यह टिप्पणी तलाक प्रक्रिया को लेकर एक महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश मानी जा रही है, जो भविष्य में ऐसे मामलों में स्पष्टता प्रदान करेगी।

 

👉 हमारे WhatsApp channel से जुड़ने के लिए दिए गए लिंक पर क्लिक करें👇👇

https://whatsapp.com/channel/0029VbALQC677qVNwdR5Le3V


Walkie Talkie News की शुरुआत हमने इस सोच के साथ की कि आपको हर खबर मिले सबसे पहले, सबसे सटीक और बिना किसी लाग-लपेट के। डिजिटल दौर में जहाँ अफवाहें हवा से तेज़ फैलती हैं, वहाँ हमारा मकसद है—आप तक पहुँचे सिर्फ़ सच, वो भी रियल टाइम में। भिलाई-दुर्ग और आसपास की हर लोकल हलचल, हर अहम जानकारी अब आपकी उंगलियों की ज़द में है।
Editor: Saurabh Tiwari
Phone: 8839303956
Email: walkietalkiemynews@gmail.com
Office Address: Shop No. 25, Aakash Ganga, Supela, Bhilai, Durg, Chhattisgarh

© Copyright Walkie Talkie News 2025 | All Rights Reserved | Made in India by MediaFlix