
रानीतराई: पशु क्रूरता के फरार आरोपी जब्बार गौरी गिरफ्तार, न्यायिक रिमांड पर भेजा गया
रानीतराई थाना पुलिस ने पशु क्रूरता निवारण अधिनियम के तहत 2024 के एक फरार आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। आरोपी, जो पहले से बिलासपुर जेल में बंद था, को प्रोडक्शन वारंट के जरिए पाटन न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। यह कार्रवाई पशु क्रूरता के खिलाफ पुलिस की सख्ती को दर्शाती है।
लावारिस ट्रक में मिले 12 बैल, शुरू हुई जांच
15 अप्रैल 2024 को रानीतराई पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि ग्राम करेला में रोड किनारे एक अशोक लीलैंड ट्रक (क्रमांक UP 11 CT 5490) लावारिस हालत में खड़ा है, जिसमें मवेशी भरे हैं। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर तलाशी ली, जिसमें ट्रक में 12 बैल भरे मिले। विधिवत कार्रवाई के बाद ट्रक को जब्त कर लिया गया और चालक के खिलाफ छत्तीसगढ़ पशु क्रूरता निवारण अधिनियम की धारा 4, 6, और 10 के तहत अपराध दर्ज किया गया। जांच के दौरान ट्रक चालक फरार हो गया था।
वाहन स्वामी के बयान से मिला सुराग
पुलिस ने ट्रक के पंजीकरण विवरण के आधार पर वाहन स्वामी से पूछताछ की।

स्वामी ने बताया कि उसने ट्रक को घटना से पहले ही जब्बार गौरी (पिता मोहम्मद शमीम, उम्र 29 वर्ष, निवासी सड़क दुधली, थाना जनकपुरी, जिला सहारनपुर, उत्तर प्रदेश) को बेच दिया था। पुलिस ने जब्बार गौरी का पता लगाया, जो बिलासपुर जिले के हीर्रि थाना क्षेत्र में NDPS के एक मामले में बिलासपुर जेल में बंद था।
प्रोडक्शन वारंट पर गिरफ्तारी
पुलिस ने विधिवत प्रक्रिया के तहत प्रोडक्शन वारंट प्राप्त किया और 2 जुलाई 2025 को दोपहर 2:00 बजे जब्बार गौरी को गिरफ्तार कर लिया। उसे माननीय जेएमएफसी न्यायालय, पाटन में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
पशु क्रूरता के खिलाफ सख्त कार्रवाई
यह कार्रवाई छत्तीसगढ़ पुलिस के पशु क्रूरता के खिलाफ सख्त रुख को दर्शाती है। रानीतराई थाना पुलिस ने इस मामले में त्वरित और प्रभावी कार्रवाई कर अन्य अपराधियों के लिए एक कड़ा संदेश दिया है। पुलिस का कहना है कि मवेशियों के साथ क्रूरता और अवैध परिवहन के खिलाफ ऐसी कार्रवाइयां आगे भी जारी रहेंगी।
👉 हमारे WhatsApp channel से जुड़ने के लिए दिए गए लिंक पर क्लिक करें👇👇
https://whatsapp.com/channel/0029VbALQC677qVNwdR5Le3V



