
नाइजर में भारतीय नागरिक का अपहरण: पत्नी की सरकार से गुहार
20 जुलाई, 2025
पश्चिम अफ्रीकी देश नाइजर के डोसो क्षेत्र में एक भारतीय नागरिक, रणजीत सिंह, का आतंकवादियों द्वारा कथित तौर पर अपहरण कर लिया गया है। उनकी पत्नी, शीला देवी, ने केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से उनके सुरक्षित रिहाई के लिए तत्काल हस्तक्षेप की भावुक अपील की है। यह घटना 15 जुलाई, 2025 को हुई, जब अज्ञात हथियारबंद हमलावरों ने एक निर्माण स्थल पर हमला किया, जिसमें दो अन्य भारतीयों की जान चली गई।
घटना का विवरण

रणजीत सिंह, जो जम्मू-कश्मीर के रामबन जिले के चक्का कुंडी गांव के निवासी हैं, ट्रांसरेल लाइटिंग लिमिटेड में वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारी के रूप में कार्यरत थे। 15 जुलाई को, डोसो क्षेत्र में एक विद्युत लाइन निर्माण स्थल पर नाइजीरियाई सेना की इकाई पर हमला हुआ, जो उस समय सुरक्षा प्रदान कर रही थी। हमले के दौरान, रणजीत सिंह का अपहरण कर लिया गया, जबकि दो अन्य भारतीय कर्मचारियों की मृत्यु हो गई। शीला देवी को उनके पति के सहयोगी से 16 जुलाई को अपहरण की पुष्टि हुई, हालांकि कंपनी ने शुरू में दावा किया कि वह जंगल में भाग गए थे।
परिवार की व्यथा
शीला देवी ने एक साक्षात्कार में कहा, “मेरे पति का नाम रणजीत सिंह है। मैंने 15 जुलाई को उनसे व्हाट्सएप पर बात की थी, लेकिन उसके बाद से कोई संपर्क नहीं हो सका। मुझे नहीं पता कि मेरे पति किस हालत में हैं। मेरा पूरा जीवन दांव पर है।” उन्होंने केंद्र सरकार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, और विदेश मंत्री एस. जयशंकर से अपने पति को सुरक्षित वापस लाने की अपील की। रणजीत के पिता, मोहन लाल सेन, ने भी कहा, “हम पिछले 5-6 दिनों से पीड़ा में हैं। उनके छोटे बच्चे हैं। हमें चिंता है कि वह कहां हैं, क्या उन्होंने कुछ खाया या नहीं।” रणजीत की मां, साधु देवी, ने नींद और भूख त्याग दी है और अपने बेटे की सुरक्षित वापसी की प्रार्थना कर रही हैं।
भारतीय दूतावास का प्रयास
भारतीय दूतावास, नियामे, ने इस घटना की पुष्टि की और एक बयान में कहा, “15 जुलाई को नाइजर के डोसो क्षेत्र में एक जघन्य आतंकी हमले में दो भारतीय नागरिकों की दुखद मृत्यु हो गई और एक का अपहरण कर लिया गया। हम शोक संतप्त परिवारों के प्रति अपनी हार्दिक संवेदना व्यक्त करते हैं। नियामे में हमारा मिशन स्थानीय अधिकारियों के साथ संपर्क में है ताकि मृतकों के पार्थिव शरीर को वापस लाया जाए और अपहृत भारतीय की सुरक्षित रिहाई सुनिश्चित की जाए।” दूतावास ने नाइजर में सभी भारतीयों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
क्षेत्रीय संदर्भ और चुनौतियां
नाइजर में जुलाई 2023 में हुए सैन्य तख्तापलट के बाद से सुरक्षा स्थिति गंभीर बनी हुई है, जिसमें राष्ट्रपति मोहम्मद बाज़oum को हिरासत में लिया गया था और जनरल अब्दुर्रहमान तचियानी ने खुद को नया नेता घोषित किया था। यह पश्चिम और मध्य अफ्रीका में 2020 के बाद से सातवां सैन्य तख्तापलट है, जो क्षेत्र में बढ़ती अस्थिरता को दर्शाता है। अल-कायदा और इस्लामिक स्टेट से जुड़े जिहादी समूहों ने विदेशियों, विशेष रूप से सहायता कर्मियों और भारतीय नागरिकों, को निशाना बनाकर कई हमले किए हैं। इस साल अप्रैल में पांच भारतीय श्रमिकों सहित अन्य अपहरण की घटनाएं भी सामने आई हैं।
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