
CSVTU में PhD स्कैम! फीस के नाम पर शोधार्थियों से लाखों की धोखाधड़ी, कनिष्ठ सलाहकार गिरफ्तार
भिलाई/नेवई: छत्तीसगढ़ स्वामी विवेकानंद तकनीकी विश्वविद्यालय (CSVTU) भिलाई में एक बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। विश्वविद्यालय की पी.एच.डी. शाखा में कार्यरत एक कनिष्ठ सलाहकार ने शोधार्थियों (PhD Scholars) से फीस के नाम पर लाखों रुपये की वसूली की और उन्हें फर्जी रसीदें थमा दीं। नेवई पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
जांच समिति की रिपोर्ट में हुआ खुलासा
विश्वविद्यालय प्रशासन को लंबे समय से फीस में गड़बड़ी की शिकायतें मिल रही थीं। मामले की गंभीरता को देखते हुए CSVTU प्रशासन ने दो सदस्यीय जांच समिति गठित की थी। समिति की प्रारंभिक जांच में सामने आया कि शोधार्थियों से ली गई फीस की राशि विश्वविद्यालय के खाते में जमा ही नहीं हुई। जांच में कुल 9,44,500 रुपये के गबन की पुष्टि हुई।

नकद लेकर थमा देता था फर्जी रसीदें
पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी सुनील कुमार प्रसाद (38 वर्ष), जो विश्वविद्यालय की पी.एच.डी. शाखा में कनिष्ठ सलाहकार के पद पर तैनात था, इस पूरे खेल का मास्टरमाइंड निकला। वह शोधार्थियों से निर्धारित शुल्क नकद (Cash) के रूप में ले लेता था और सिस्टम के बजाय खुद के पास से तैयार फर्जी रसीदें जारी कर देता था। शोधार्थियों को यह अहसास ही नहीं हुआ कि उनके साथ धोखाधड़ी हो रही है।
नेवई पुलिस की कार्रवाई और गिरफ्तारी
विश्वविद्यालय से प्राप्त प्रतिवेदन के आधार पर थाना नेवई में आरोपी के विरुद्ध बीएनएस (BNS) की धारा 316(2), 336(3), 338 और 340(2) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया। 9 फरवरी 2026 को पुलिस ने आरोपी सुनील कुमार प्रसाद को उसके निवास (रुआबांधा) से दबोच लिया।पुलिस ने आरोपी के पास से फर्जी शुल्क रसीदें और संबंधित दस्तावेज जप्त किए हैं। आरोपी को माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया, जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है।
👉 हमारे WhatsApp group से जुड़ने के लिए दिए गए लिंक पर क्लिक करें👇👇
https://chat.whatsapp.com/KoD8NZUKKtmFqIxvNmiCwx?mode=gi_t



