
पेंड्रा में सीसी रोड निर्माण कार्य में बालश्रम का खुलासा, पंचायत सचिव पर गंभीर आरोप
पेंड्रा, 12 जून
कड़े कानूनों के बावजूद पेंड्रा में बालश्रम का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। सरकारी योजना के तहत बन रही सीसी सड़क की मरम्मत के दौरान नाबालिग लड़कों से भारी श्रम कार्य कराया जा रहा था। और भी अधिक चिंताजनक बात यह है कि यह कार्य स्थानीय ग्राम पंचायत अधिकारियों की निगरानी में हो रहा था।
यह मामला पेंड्रा जनपद पंचायत के अंतर्गत बम्हनी गांव से सामने आया है, जहां अवासपारा अंगनवाड़ी से बम्हनी मुख्य बस्ती तक सीसी रोड का निर्माण हुआ था। हालांकि, यह सड़क मात्र तीन महीने में ही जर्जर होने लगी है और कई हिस्सों में दरारें दिखने लगी हैं, जिससे स्थानीय लोगों ने निर्माण में भ्रष्टाचार और घटिया सामग्री के इस्तेमाल की आशंका जताई है।
सूत्रों के अनुसार, सड़क मरम्मत के नाम पर सरपंच और पंचायत सचिव ने बिना किसी औपचारिक सूचना के काम शुरू करवाया, जिसमें स्कूली बच्चे ट्रैक्टर में पत्थर भरते और भारी कार्य करते पाए गए। अवासपारा के पास निर्माण स्थल पर तीन नाबालिग बच्चों को भारी पत्थर उठाकर ट्रैक्टर में डालते देखा गया।

इन बच्चों ने बताया कि उन्हें पंचायत सचिव ने सड़क मरम्मत कार्य में मदद के लिए लगाया था। यह कार्य न केवल बालश्रम कानून का उल्लंघन है, बल्कि बच्चों के लिए शारीरिक रूप से भी अत्यंत हानिकारक है।
इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए जिला पंचायत के सीईओ सुरेन्द्र प्रसाद वैद्य ने कहा,
“यदि निर्माण कार्य में बच्चों को लगाया जा रहा है तो यह पूरी तरह से अस्वीकार्य है। इस पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। मैं स्वयं टीम भेजकर मामले की जांच करवाऊंगा।”
यह मामला शासन-प्रशासन की निगरानी और बाल अधिकारों की रक्षा पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ने के लिए दिए गए लिंक पर क्लिक करें 👇👇
https://chat.whatsapp.com/IJrppjHVVwT5Q6vKhLAfuT



