
Janjgir Champa में नाबालिग से गैंगरेप: 4 युवकों ने की दरिंदगी, 3 गिरफ्तार, 1 फरार
जांजगीर-चांपा, 12 सितंबर 2025: छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में एक जघन्य अपराध ने समाज को झकझोर कर रख दिया है। शिवरीनारायण थाना क्षेत्र के जंगल में चार युवकों ने 17 वर्षीय नाबालिग लड़की के साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। आरोपियों ने नाबालिग के दोस्त और उसके चचेरे भाई को बंधक बनाकर मारपीट की, एक युवक के साथ जबरन अश्लील वीडियो बनाया और परिजनों से 2 लाख रुपये की फिरौती वसूलने की कोशिश की। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया, जबकि चौथा आरोपी फरार है। यह घटना राज्य में नाबालिगों के खिलाफ बढ़ते अपराधों की कड़ी याद दिलाती है, जहां जनवरी 2025 में ही जांजगीर-चांपा में एक नाबालिग को बहला-फुसलाकर भगाने और दुष्कर्म के मामले में आरोपी गिरफ्तार हुआ था।

क्या है पूरा मामला? दोस्त के साथ घूमने गई नाबालिग बनी शिकार
9 सितंबर 2025 को 17 वर्षीय नाबालिग लड़की अपने एक 17 वर्षीय दोस्त के साथ शिवरीनारायण क्षेत्र में घूमने निकली थी। रास्ते में दोस्त का चचेरा भाई भी उनके साथ जुड़ गया, जो भी उसी उम्र का था। तीनों पैदल चल रहे थे जब दो बाइकों पर सवार चार युवक अचानक वहां पहुंचे और उन्हें घेर लिया। आरोपियों ने नाबालिग के दोस्त और चचेरे भाई को पकड़कर बुरी तरह पीटा। इस दौरान उन्होंने एक युवक के साथ जबरदस्ती अश्लील वीडियो रिकॉर्ड किया और वीडियो वायरल करने की धमकी देकर नाबालिग के परिजनों से 2 लाख रुपये की फिरौती मांगी। फिर चारों ने नाबालिग को जबरन जंगल की ओर ले जाकर बारी-बारी से दुष्कर्म किया। यह घटना जांजगीर-चांपा के ग्रामीण इलाकों में सुरक्षा की पोल खोल रही है, जहां 2022 में भी एक नाबालिग को ट्रैफिकिंग कर यूपी ले जाकर गैंगरेप का मामला सामने आया था।

मारपीट, अश्लील वीडियो और फिरौती: दरिंदगी की हद पार
आरोपियों की क्रूरता यहीं नहीं रुकी। दुष्कर्म के बाद उन्होंने नाबालिग को पामगढ़ रोड पर छोड़ दिया, लेकिन दोनों चचेरे भाइयों को बंधक बनाए रखा। वीडियो का इस्तेमाल कर परिजनों को ब्लैकमेल किया गया। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में घटना की भयावहता साफ झलक रही है, जहां आरोपियों की पहचान बिलारी गांव के उत्तम प्रताप खूंटे, राहौद बाजार पारा के दुर्गेश कुमार सहिस और खगेंद्र गोंड के रूप में हुई। चौथा आरोपी अभी भी फरार है। यह मामला साइबर ब्लैकमेल के बढ़ते चलन को उजागर करता है, जैसा कि हाल के महीनों में छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में गैंगरेप-हत्या के मामले में पांच आरोपियों को फांसी की सजा सुनाई गई थी।

पुलिस में शिकायत और कार्रवाई: तीन आरोपी न्यायिक हिरासत में
10 सितंबर को नाबालिग ने घर लौटकर परिजनों को पूरी घटना बताई, जिसके बाद परिजन उसे लेकर शिवरीनारायण थाने पहुंचे। शिकायत पर पुलिस ने तुरंत एक्शन लिया और मुखबिरों की मदद से तीनों आरोपियों को दबोच लिया। उनके कब्जे से दो बाइक और मोबाइल फोन जब्त किए गए, जिनमें अश्लील वीडियो बरामद हुए। खबर फैलते ही फरार आरोपी ने बंधक युवकों को छोड़ दिया। एडिशनल एसपी उमेश कश्यप ने बताया कि पीड़िता को मेडिकल जांच और काउंसलिंग उपलब्ध कराई गई है। पुलिस फरार आरोपी की तलाश में छापेमारी चला रही है, और सीसीटीवी फुटेज व मोबाइल लोकेशन से सुराग जुटाए जा रहे हैं।
कानूनी कार्रवाई: सख्त धाराओं में केस, POCSO के तहत सजा की तैयारी
आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 140(2) (फिरौती), 308(6) (मारपीट), 61(2) (आपराधिक साजिश), 70(2) (सामूहिक दुष्कर्म), 351(3) (धमकी), 126(2) (गिरफ्तारी), आईटी एक्ट की धारा 66ए (ब्लैकमेल) और 67 (अश्लील सामग्री), तथा POCSO एक्ट की धारा 6 (नाबालिग पर यौन अपराध) के तहत मामला दर्ज किया गया है। तीनों आरोपी को कोर्ट में पेश कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। विशेषज्ञों का कहना है कि POCSO के तहत न्यूनतम 20 वर्ष की सजा हो सकती है, और गैंगरेप के कारण फांसी की सजा भी संभव है, जैसा कि जनवरी 2025 में कोरबा केस में हुआ।
👉 हमारे WhatsApp channel से जुड़ने के लिए दिए गए लिंक पर क्लिक करें👇👇
https://whatsapp.com/channel/0029VbALQC677qVNwdR5Le3V



