March 2, 2026
Bilaspur में युवक को झूठे केस में फंसाया…FIR निरस्त: High Court बोला-पुलिस की कार्रवाई दुर्भावनापूर्ण

Bilaspur में युवक को झूठे केस में फंसाया…FIR निरस्त: High Court बोला-पुलिस की कार्रवाई दुर्भावनापूर्ण

Aug 29, 2025

खुद पैरवी कर युवक ने कहा-भू-माफिया से मिलीभगत कर रची गई साजिश
बिलासपुर में एक सनसनीखेज मामले में छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने एक युवक के खिलाफ दर्ज FIR को निरस्त कर दिया है। कोर्ट ने पुलिस की कार्रवाई को दुर्भावनापूर्ण करार देते हुए इसे कानून के दुरुपयोग का मामला बताया। युवक ने स्वयं हाईकोर्ट में पैरवी करते हुए दावा किया कि उसे भू-माफिया और कुछ पुलिस अधिकारियों की मिलीभगत से झूठे केस में फंसाया गया। इस फैसले ने न केवल युवक को राहत दी है, बल्कि भू-माफिया और प्रशासनिक तंत्र के बीच कथित साठगांठ पर भी सवाल खड़े किए हैं।

झूठे आरोपों में फंसाने की साजिश
युवक ने हाईकोर्ट में अपनी याचिका में बताया कि बिलासपुर के सकरी थाने में उसके खिलाफ IPC की धारा 376(2), 294, 506 और 323 के तहत एक FIR दर्ज की गई थी। उसका आरोप था कि यह मामला पूरी तरह से फर्जी है और इसे भू-माफिया ने अपने प्रभाव का इस्तेमाल कर पुलिस के साथ मिलकर रचा। याचिकाकर्ता ने कोर्ट को बताया कि शिकायतकर्ता ने पहले भी कई लोगों को ब्लैकमेल करने की कोशिश की थी। हालांकि, इन दावों को याचिका में तथ्यात्मक रूप से शामिल नहीं किया गया था, लेकिन कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए सुनवाई की।

हाईकोर्ट का कड़ा रुख, पुलिस की कार्रवाई पर सवाल
छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश रमेश सिन्हा और न्यायमूर्ति विभु दत्ता गुरु की डिवीजन बेंच ने इस मामले में सख्त टिप्पणी की। कोर्ट ने कहा कि यदि अभियोक्ता के पास झूठा फंसाने का कोई मजबूत मकसद नहीं है, तो सामान्य रूप से साक्ष्य को स्वीकार करने में हिचकिचाहट नहीं होनी चाहिए। हालांकि, इस मामले में पुलिस की कार्रवाई को दुर्भावनापूर्ण पाया गया। कोर्ट ने FIR को निरस्त करते हुए याचिकाकर्ता पर 2,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया, क्योंकि याचिका में तथ्यों का स्पष्ट उल्लेख नहीं था। यह जुर्माना जशपुर के दृष्टिबाधित बालक-बालिका विद्यालय को देने का निर्देश दिया गया।

भू-माफिया का बढ़ता प्रभाव
बिलासपुर में भू-माफिया के खिलाफ हाल के महीनों में कई बड़ी कार्रवाइयां हुई हैं। जिला प्रशासन ने 11 एकड़ सरकारी जमीन की अवैध खरीद-बिक्री के मामले में सात आरोपियों को गिरफ्तार किया था, जिसमें एक आरोपी अभी भी फरार है। इस मामले में निगम कमिश्नर और एसडीएम की जांच के बाद कार्रवाई हुई थी। युवक ने अपनी याचिका में दावा किया कि भू-माफिया ने सरकारी जमीन पर कब्जा करने के लिए उसे निशाना बनाया और झूठे केस में फंसाकर उसकी आवाज दबाने की कोशिश की।

कानून के दुरुपयोग पर कोर्ट की चेतावनी
हाईकोर्ट ने अपने फैसले में स्पष्ट किया कि जब कानूनी प्रक्रिया का दुरुपयोग होता है, तो इसे बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। कोर्ट ने कहा, “जब विनियमों के तहत मध्यस्थम खंड का व्यापक उपचार मौजूद हो, तब सिविल विवाद को आपराधिक विवाद में परिवर्तित नहीं किया जा सकता। यह कानून की प्रक्रिया का दुरुपयोग है।” इस फैसले ने न केवल युवक को न्याय दिलाया, बल्कि पुलिस और प्रशासन को भी यह संदेश दिया कि दुर्भावनापूर्ण कार्रवाइयों पर नजर रखी जा रही है।

 

 

👉 हमारे WhatsApp channel से जुड़ने के लिए दिए गए लिंक पर क्लिक करें👇👇

https://whatsapp.com/channel/0029VbALQC677qVNwdR5Le3V


Walkie Talkie News की शुरुआत हमने इस सोच के साथ की कि आपको हर खबर मिले सबसे पहले, सबसे सटीक और बिना किसी लाग-लपेट के। डिजिटल दौर में जहाँ अफवाहें हवा से तेज़ फैलती हैं, वहाँ हमारा मकसद है—आप तक पहुँचे सिर्फ़ सच, वो भी रियल टाइम में। भिलाई-दुर्ग और आसपास की हर लोकल हलचल, हर अहम जानकारी अब आपकी उंगलियों की ज़द में है।
Editor: Saurabh Tiwari
Phone: 8839303956
Email: walkietalkiemynews@gmail.com
Office Address: Shop No. 25, Aakash Ganga, Supela, Bhilai, Durg, Chhattisgarh

© Copyright Walkie Talkie News 2025 | All Rights Reserved | Made in India by MediaFlix