
Bilaspur: रिक्शा चालक को बिना अपराध के फंसाया, 17 हजार रुपये की उगाही, High Court से मिला इंसाफ
बिलासपुर, 25 अगस्त 2025: एक गरीब रिक्शा चालक को बिना किसी अपराध के फंसाने और उससे 17 हजार रुपये की उगाही का सनसनीखेज मामला सामने आया है। करीब तीन साल की लंबी कानूनी लड़ाई के बाद आखिरकार हाईकोर्ट ने पीड़ित रिक्शा चालक को न्याय दिलाया और झूठी FIR को रद्द करने का आदेश दिया।

पुलिस ने की थी मनमानी
याचिकाकर्ता के वकील ने बताया कि जयप्रकाश रात्रे, जो पेशे से एक रिक्शा चालक हैं, को 2 नवंबर 2022 को उनके घर पर पुलिस ने निशाना बनाया। उस दिन जयप्रकाश अपने घर पर 150 मिलीग्राम शराब पी रहे थे। तभी पुलिस कॉन्स्टेबल किशोर साहू (685) और तीन अन्य सादी वर्दी में कॉन्स्टेबल उनके घर पहुंचे। बिना किसी ठोस कारण के, पुलिस ने जयप्रकाश को शराब सहित सक्ती थाने ले गई। वहां किशोर साहू ने उनसे 17 हजार रुपये की उगाही की। यह राशि जयप्रकाश की पत्नी ने अपनी झोपड़ी की छत ढालने के लिए कर्ज के रूप में ली थी।
हाईकोर्ट ने दिलाया न्याय
इस घटना के बाद जयप्रकाश और उनके परिवार को न केवल आर्थिक नुकसान हुआ, बल्कि सामाजिक अपमान भी सहना पड़ा। पुलिस की इस मनमानी के खिलाफ जयप्रकाश ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया। करीब तीन साल तक चली कानूनी लड़ाई के बाद, हाईकोर्ट ने मामले की सुनवाई करते हुए पुलिस द्वारा दर्ज की गई झूठी FIR को रद्द कर दिया। कोर्ट के इस फैसले ने न केवल जयप्रकाश को राहत दी, बल्कि पुलिस की मनमानी कार्रवाइयों पर भी सवाल उठाए।
👉 हमारे WhatsApp channel से जुड़ने के लिए दिए गए लिंक पर क्लिक करें👇👇
https://whatsapp.com/channel/0029VbALQC677qVNwdR5Le3V



